पूर्व की बुरी आदतें छोड़कर नई दैवी आदतें कैसे अपनाएं? | श्री हित प्रेमानंद गोविंद शरण जी महाराज का मार्गदर्शन
पूर्व की आदतों को बदलकर नई, सतोगुणी और भजन-सहायक आदतें धारण करने का उपाय महाराज जी के अनुसार दो मुख्य आधारों पर टिका है – गहरा नाम-जप और शुद्ध, सात्विक…







