विराट और अनुष्का की तो असली किस्मत अब जाग सकती है

विराट और अनुष्का की तो असली किस्मत अब जाग सकती है

महाराज जी से जुड़ने के तीन साल बाद भी विराट और अनुष्का अभी भी शायद महाराज जी के दर्शन सांसारिक रूप से अपने दुःख खत्म करने और सुखी रहने के लिए करते हो, लेकिन दोनों मे वैराग्य की शुरुआत हो चुकी है. हालाँकि इस वैभव और चमक धमक को छोड़ना बहुत मुश्किल है. फिर भी दोनों को चाहिए कि वृन्दावन में एक घर तो खरीद ही ले. शायद खरीद भी रहे हो. महाराज जी वृदावन अखंड वास की जोरदार वकालत करते हैं.

टेस्ट मैच में रिटायरमेंट के बाद उन्होंने वन डे मैच में खेलना जारी रखा है. दोनों के दो बच्चे भी है. साफ़ है दोनों गृहस्थ रहकर भक्ति bhakti के मार्ग पर आगे बढ़ना चाहते है. विराट धीरे धीरे क्रिकेट से अलविदा कहेंगे. दोनों वैरागी होकर विरक्त हो जाएंगे, यह कहना जल्दी है, क्योंकि माया के भव सागर को पार करना इतना आसान नहीं है. अगर दोनों में वैराग्य चरम पर पहुँचता है और वह अखंड वृन्दावन वास करते हैं तो यह उनका असली कल्याण होगा. इससे पहले रेसलर खिलाडी रहे वीर महाजन महाराज जी की शरण में आकर विरक्त हो चुके है. हालाँकि उन्होंने विवाह नहीं किया था. विवाह होने के बाद अखंड वृन्दावन वास और वैराग होना कठिन होता है. फिर भी दोनों विराट और अनुष्का पति पत्नी bhakti भक्ति के रास्ते पर बढ़ना चाहते है. महाराज जी की आज के मुलाक़ात में अनुष्का के आँखों में आंसू थे.

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