शांतिकुंज आश्रम हरिद्वार: फ्री रहना और खाना – सम्पूर्ण जानकारी (EN)

हरिद्वार की यात्रा पर जाने वाले श्रद्धालुओं के लिए शांतिकुंज आश्रम एक प्रमुख आकर्षण है। यहां पर आपको न केवल आध्यात्मिक वातावरण मिलता है, बल्कि रहने और खाने की निशुल्क व्यवस्था भी उपलब्ध है। यह आश्रम अखिल विश्व गायत्री परिवार का मुख्यालय है और इसकी स्थापना पंडित श्रीराम शर्मा आचार्य ने की थी। यहां पर संस्कार, ध्यान, साधना, आयुर्वेदिक चिकित्सा, और आध्यात्मिक शिक्षा की उत्तम सुविधाएं मिलती हैं.

शांतिकुंज आश्रम की मुख्य विशेषताएं

  • फ्री रहना और खाना: श्रद्धालुओं को अच्छे, साफ-सुथरे कमरे और सात्विक भोजन निशुल्क मिलता है। फैमिली को ही रूम दिए जाते हैं, जिसके लिए रिसेप्शन पर फॉर्म भरना होता है।

  • आध्यात्मिक वातावरण: यहां पर ध्यान और साधना के लिए विशेष हॉल, वेद माता गायत्री मंदिर, देवात्मा हिमालय मंदिर, यज्ञशाला, और समाधि स्थल उपलब्ध हैं1।

  • संस्कार और सेवाएं: जनेऊ, मुंडन, विवाह आदि सभी संस्कार निशुल्क कराए जाते हैं। आश्रम में संस्कार हॉल और यज्ञशालाएं हैं।

  • अखंड दीप: यहां पर पिछले लगभग 100 वर्षों से अखंड दीप प्रज्वलित है, जिसके दर्शन विशेष माने जाते हैं।

  • आयुर्वेद और पुस्तक केंद्र: आयुर्वेदिक औषधियों की प्रदर्शनी, बुक स्टॉल, और विविध सामग्री विकास केंद्र भी आश्रम में हैं.

  • मेडिटेशन और गार्डन: शांतिपूर्ण गार्डन और मेडिटेशन हॉल में बैठकर श्रद्धालु ध्यान कर सकते हैं।

  • स्वयंसेवा: भोजनालय में सेवा करने का अवसर भी मिलता है, जिससे सेवा भाव को बढ़ावा मिलता है।

शांतिकुंज आश्रम हरिद्वार: आध्यात्मिकता, सेवा और फ्री व्यवस्था का संगम

हरिद्वार स्थित शांतिकुंज आश्रम, अखिल विश्व गायत्री परिवार का मुख्यालय है, जहां लाखों श्रद्धालु हर वर्ष आध्यात्मिक शांति और सेवा के लिए आते हैं। यहां पर आपको निःशुल्क रहने और खाने की उत्तम व्यवस्था मिलती है। आश्रम का वातावरण अत्यंत शांत और सात्विक है, जो ध्यान, साधना और आत्मिक विकास के लिए आदर्श है।

फ्री रहना और खाना

शांतिकुंज में श्रद्धालुओं को साफ-सुथरे कमरे और सात्विक भोजन निशुल्क मिलता है। यहां पर केवल परिवारों को ही कमरे दिए जाते हैं। भोजनालय में सात्विक भोजन बिना लहसुन-प्याज के परोसा जाता है, जिसे श्रद्धालु प्रसाद स्वरूप ग्रहण करते हैं। भोजन के बाद प्लेट स्वयं साफ करनी होती है, जिससे स्वच्छता और सेवा का भाव विकसित होता है।

आध्यात्मिक स्थल और मंदिर

आश्रम परिसर में वेद माता गायत्री मंदिर, समाधि स्थल, यज्ञशाला, देवात्मा हिमालय मंदिर, अखंड दीप, और भटके हुए देवता जैसे अद्भुत स्थल हैं। यहां पर ध्यान और साधना के लिए विशेष हॉल बने हैं, जहां श्रद्धालु शांति से बैठ सकते हैं1।

संस्कार और सेवाएं

शांतिकुंज में जनेऊ, मुंडन, विवाह आदि सभी संस्कार निशुल्क होते हैं। यहां पर हर महीने फ्री शिविर भी आयोजित किए जाते हैं, जिसमें भाग लेकर आप सेवा और साधना कर सकते हैं।

आयुर्वेद और ज्ञान केंद्र

आश्रम में आयुर्वेदिक औषधियों की प्रदर्शनी और बिक्री केंद्र, बुक स्टॉल, और विविध सामग्री विकास केंद्र भी उपलब्ध हैं। यहां पर आप आयुर्वेद और आध्यात्मिक ज्ञान से जुड़ी किताबें और औषधियां प्राप्त कर सकते हैं।

कैसे पहुंचे

शांतिकुंज आश्रम हरिद्वार रेलवे स्टेशन या बस स्टैंड से लगभग 6 किमी तथा हर की पौड़ी से 4 किमी की दूरी पर हरिद्वार-ऋषिकेश हाईवे पर स्थित है। यहां तक पहुंचने के लिए ऑटो-रिक्शा या टैक्सी आसानी से मिल जाती है।

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